बस, कुछ हजार और आपकी फिल्‍म तैयार ... : डेली न्‍यूज एक्टिविस्‍ट में 19 मार्च 2012 के अंक में प्रकाशित समाचार में अविनाश वाचस्‍पति के विचार

बस चाहिए कुछ हजार रुपये और आपकी फिल्‍म तैयार : दैनिक वॉयस ऑफ मूवमेंट के 19 मार्च 2012 के अंक में प्रकाशित समाचार में अविनाश वाचस्‍पति के विचार



कुछ हजार रुपयों में होगी आपकी फिल्‍म तैयार : दैनिक जनसंदेश टाइम्‍स 19 मार्च 2012 में पढि़ए अविनाश वाचस्‍पति के भी विचार


गम बेगम की तरह साथ है : डेली न्‍यूज एक्टिविस्‍ट में 22 मार्च 2012 के अंक में प्रकाशित

बजट की अनारकली चली डिस्‍को की गली : दैनिक हरिभूमि में 22 मार्च 2012 अंक में प्रकाशित

सत्‍ता का नशा : दैनिक डीएलए में 21 मार्च 2012 अंक में प्रकाशित

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अपने ब्‍लॉग से करें कमाई : दैनिक हिंदुस्‍तान में 21 मार्च 2012 को प्रकाशित समाचार

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पत्रकारिता का बदलता स्‍वरूप और न्‍यू मीडिया पर अंतरराष्‍ट्रीय संगोष्‍ठी में 21 मार्च 2012 को भागीदारी


आज भी खरी है भारत की जीत : दैनिक हिंदी मिलाप में 21 माच्र 2012 को प्रकाशित


आज भी खरी है भारत की जीत : दैनिक जनवाणी में 20 मार्च 2012 को तीखी नजर स्‍तंभ में प्रकाशित


पैसा पैसा करता है, तू सीएम क्‍यों नहीं बनता है : दैनिक हरिभूमि में 20 मार्च 2012 के अंक में प्रकाशित


पैसा पैसा करता है, तू सीएम क्‍यों नहीं बनता है : दैनिक जनसंदेश टाइम्‍स में 19 मार्च 2012 को प्रकाशित

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सिर पर टोपी लाल, हाथ में सत्‍ता का गुलाल ... : डेली न्‍यूज एक्टिविस्‍ट में 13 मार्च 2012 को चकल्‍लस स्‍तंभ में प्रकाशित

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सिर पर टोपी लाल, हाथ में कमान : दैनिक जनवाणी 13 मार्च 2012 अंक में प्रकाशित

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हिंदी चिट्ठों पर सांप : लीगेसी इंडिया के मार्च 2012 अंक में प्रकाशित



परदे के पीछे परदानशीं है : दैनिक हिंदी मिलाप में 9 मार्च 2012 को प्रकाशित


बुक फेयर में व्‍यंग्‍य की लहर : दैनिक हरिभूमि में 5 मार्च 2012 को प्रकाशित 'व्‍यंग्‍य का शून्‍यकाल' के लोकार्पण का सचित्र समाचार


बुक फेयर में किताबों का विमोचन : नवभारत टाइम्‍स में 3 मार्च 2012 को पेज 4 पर प्रकाशित खबर